राहुल गांधी ने मुझ पर हमला करने का आदेश दिया” — शकील अहमद का बड़ा आरोप, बोले: RSS के इशारे पर बिहार की 25 सीटों पर बंटवाए गए टिकट

पूर्व कांग्रेस नेता डॉ. शकील अहमद ने राहुल गांधी पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें एक `असुरक्षित` नेता बताया है. उन्होंने दावा किया कि राहुल गांधी ने बिहार में बीजेपी-आरएसएस से जुड़े लोगों को टिकट देकर कांग्रेस को कमजोर किया. इस विवाद के बाद उनके पटना और मधुबनी स्थित आवासों पर हमले की आशंका के मद्देनजर सुरक्षा बढ़ा दी गई है.

राहुल गांधी ने मुझ पर हमला करने का आदेश दिया” — शकील अहमद का बड़ा आरोप, बोले: RSS के इशारे पर बिहार की 25 सीटों पर बंटवाए गए टिकट

पूर्व कांग्रेस नेता शकील अहमद ने राहुल गांधी को एक असुरक्षित नेता कहा था। अब उन्होंने दावा किया है कि कांग्रेस नेतृत्व ने उन पर हमले का आदेश दिया है। भाजपा ने इसे राहुल की तानाशाही बताया। वहीं कांग्रेस नेता मणिकम टैगोर ने अहमद को जयचंद कहकर पलटवार किया है।

बिहार की राजनीति में पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के दिग्गज रहे डॉ. शकील अहमद के ताजा बयानों ने एक बड़ा सियासी तूफान खड़ा कर दिया है. राहुल गांधी की कार्यशैली पर तीखे हमले के बाद अब मामला जानमाल के खतरे तक पहुंच गया है. शकील अहमद ने आरोप लगाया है कि बिहार में कांग्रेस की कमजोरी का सबसे बड़ा कारण स्वयं राहुल गांधी हैं, जिन्होंने आरएसएस और बीजेपी के इशारे पर 25 सीटों पर उनके समर्थकों को टिकट देकर कांग्रेस को हाशिए पर धकेल दिया.

डॉ. शकील अहमद ने राहुल गांधी को भारतीय राजनीति का "सबसे डरपोक और असुरक्षित" नेता करार देते हुए सनसनीखेज दावा किया. उन्होंने कहा कि राहुल गांधी उन कद्दावर नेताओं से घबराते हैं जिनका अपना जनाधार है, और इसी असुरक्षा के कारण उन्होंने बिहार चुनाव में आरएसएस व बीजेपी की पृष्ठभूमि वाले 25 नेताओं को चुनावी मैदान में उतारा. शकील अहमद का मानना है कि राहुल गांधी का राजनीतिक भविष्य केवल प्रधानमंत्री मोदी की लोकप्रियता घटने पर टिका है. उन्होंने यह भी खुलासा किया कि कांग्रेस के भीतर वरिष्ठ नेता यह मजाक करते हैं कि "राहुल गांधी से अंत में जो मिलता है, वही फैसला बदल देता है."

बयानों के बाद मचे घमासान के बीच, शकील अहमद ने सोशल मीडिया पर यह जानकारी साझा की कि कांग्रेस के राष्ट्रीय नेतृत्व ने बिहार और युवा कांग्रेस को उनके पटना (फुलवारी शरीफ) और मधुबनी स्थित आवासों पर हमला करने का आदेश दिया है. उन्होंने आशंका जताई कि पुतला दहन के बहाने उनके घर पर तोड़फोड़ की जा सकती है. इसे गंभीरता से लेते हुए प्रशासन ने पटना के एकता नगर स्थित उनके निवास की सुरक्षा बढ़ा दी है और भारी पुलिस बल तैनात कर दिया है. शकील अहमद ने कहा कि यह लोकतंत्र के सिद्धांतों के खिलाफ है और वे अपनी बात पर अडिग हैं.

पार्टी में मुस्लिम नेतृत्व की स्थिति पर डॉ. अहमद ने कहा कि राहुल गांधी अब मुस्लिम नेताओं के साथ फोटो खिंचवाने से भी बचते हैं. उनके समर्थन में वरिष्ठ नेता राशिद अल्वी ने भी कहा कि कांग्रेस में मुस्लिम लीडरशिप हाशिए पर है और राहुल गांधी तक पहुंचना अब आसान नहीं रह गया है. वहीं, जेडीयू नेता राजीव रंजन प्रसाद ने भी शकील अहमद की पीड़ा को सही बताते हुए कहा कि राहुल गांधी लोकप्रिय नेताओं से डरते हैं, जिसके कारण कांग्रेस सिमट रही है. शकील अहमद ने तंज कसते हुए कहा कि अब 'शकील इफेक्ट' शुरू होगा और राहुल गांधी दिखावे के लिए पुराने नेताओं के साथ तस्वीरें खिंचवाएंगे.

शकील अहमद के दादा और पिता भी कांग्रेस के नेता और सांसद रह चुके हैं. इस लिहाज़ से वो कांग्रेस की राजनीति करने वाली तीसरी पीढ़ी हैं. बिहार चुनाव ख़त्म होने के अगले ही दिन शकील अहमद ने पार्टी से इस्तीफ़ा दे दिया था और तबसे लगातार पार्टी , ख़ासकर राहुल गांधी के काम करने के तरीके पर सवाल उठा रहे हैं

शकील अहमद का दावा

शकील अहमद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट शेयर करते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व ने उनपर हमले के आदेश दिए हैं। पटना या मधुबनी स्थित उनके आवास पर इस हमले को अंजाम दिया जा सकता है।

दुखी होकर छोड़ी पार्टी: शकील

बातचीत के दौरान उन्होंने दावा किया कि कई नेता पार्टी में ऐसे हैं जो आज भी दुखी मन से काम कर रहे हैं, क्योंकि उनकी अगली पीढ़ी कांग्रेस में है. इसीलिए वह मजबूरी में पार्टी में पड़े हैं. अपने बाल-बच्चों के लिए इंसान क्या नहीं करता.

कांग्रेस नेताओं ने किया फोन

पूर्व मंत्री ने दावा किया कि कांग्रेस के कुछ नेताओं ने ही मुझे कल फोन कर बताया कि सर अभी-अभी दिल्ली से फोन आया है. कल आपका पुतला दहन करने का तो बहाना होगा, लेकिन आपके मधुबनी और पटना के घर हमला होगा. इसके बाद यूथ कांग्रेस ने ऑर्डर निकाल दिया कि शीर्ष नेतृत्व के आदेश पर हम कल शकील अहमद के खिलाफ पुतला जला कर विरोध करेंगे.