ड्रग नेटवर्क और पुलिस कनेक्शन! रतलाम 10 करोड़ ड्रग्स केस में पुलिस की मिलीभगत, दिलावर समेत बहन-भांजे पर 3 नई FIR, युवती हिरासत में; आज आएंगे IG
रतलाम जिले के चिकलाना गांव में पकड़ी गई एमडी ड्रग फैक्ट्री का मामले में सब-इंस्पेक्टर रऊफ खान पर पहले भी तस्करों से सांठगांठ के गंभीर आरोप लग चुके हैं। दिलावर के दामाद याकूब खान ने पहले 50 लाख और फिर एक करोड़ रुपये की घूस देकर कार्रवाई रुकवाने का प्रयास किया था।
आरोपी दिलावर के भांजे की बेटी पुलिस हिरासत में
पुलिस के जनसंवाद के दौरान आरोपी के खिलाफ केस
जनसंवाद में 8 परिवार आए सामने, 3 प्रकरण हुए दर्ज
चिकलना गांव में MD ड्रग माफिया दिलावर खान की फैक्ट्री पर बड़ी रेड के बाद, नए खुलासे होने की उम्मीदें बढ़ गई हैं. करोड़ों रुपये की MD ड्रग्स, हथियार और बैन चीज़ें ज़ब्त की गई हैं और 16 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, लेकिन अभी भी कई सवालों के जवाब नहीं मिले हैं.
रतलाम। चिकलाना में एमडी ड्रग फैक्ट्री के खुलासे के बाद पुलिस और प्रशासन अब सिर्फ नशे के नेटवर्क तक सीमित नहीं है, बल्कि आरोपित दिलावर खान उर्फ मामा के वर्षों से चले आ रहे रसूख, अवैध कारोबार और गांव में कायम दहशत की जड़ों तक पहुंचने में जुट गया है। जमीनों की अवैध खरीद-फरोख्त, जबरन कब्जे और रजिस्ट्री लंबित रखने जैसे गंभीर आरोपों को लेकर सोमवार को चिकलाना में लगाए गए जनसंवाद कैंप में पहले ही दिन आठ पीड़ित परिवार सामने आए, जिससे गांव में फैले भय और शोषण की तस्वीर साफ होती जा रही है।
पुलिस के केस संभालने के तरीके पर सवाल उठ रहे हैं. घटनास्थल पर CCTV कैमरे होने के बावजूद DVR (डिजिटल वीडियो रिकॉर्डर) को तीन दिनों तक ज़ब्त नहीं किया गया, यह बात संदिग्ध है. गांव वालों के मुताबिक इलाके में पुलिस और पत्रकारों का आना-जाना लगा रहता था. ऐसे में DVR का जब्त न करना सबूतों के साथ छेड़छाड़ की आशंका पैदा करता है.
प्रभावशाली लोगों के नाम आए सामने
तलाशी के दौरान मौके से पुलिस की वर्दी और कई पहचान पत्र बरामद हुए हैं, जिनकी अभी जांच की जा रही है. माफिया द्वारा फैलाए गए आतंक को खत्म करने के लिए, प्रशासन ने गांव में सात दिन का कैंप लगाया है, जहां महिला पुलिस अधिकारियों को तैनात किया गया है ताकि गांव की महिलाएं बिना किसी डर के दिलावर के खिलाफ गवाही दे सकें. वहीं एसपी अमिताभ कुमार ने बताया कि पूछताछ के दौरान कुछ प्रभावशाली लोगों के नाम भी सामने आए हैं. पुलिस अब सभी सबूतों को इकट्ठा कर रही है और आगे की कार्रवाई की तैयारी कर रही है.
जांच पर उठे गंभीर सवाल
लेकिन इस कार्रवाई के बाद भी कई गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं. सबसे बड़ा सवाल यह है कि ड्रग्स के अड्डे से DVR (डिजिटल वीडियो रिकॉर्डर) अभी तक ज़ब्त क्यों नहीं किया गया, जबकि वहां हर कोने में CCTV कैमरे लगे थे. DVR फुटेज से इस नेटवर्क में शामिल कई और अपराधियों, उनके कनेक्शन और उनकी हरकतों का पता चल सकता था. तीन दिन बाद भी पुलिस का DVR बरामद न कर पाना जांच की दिशा पर सवाल खड़े करता है. गांव वालों का दावा है कि इस ड्रग्स के अड्डे पर संदिग्ध बाहरी लोगों के साथ-साथ पुलिस अधिकारी और कुछ पत्रकार भी अक्सर आते-जाते देखे गए थे. ऐसे में इस केस में पुलिस की मिलीभगत भी सामने आ रही है. क्योंकि DVR फुटेज से इनमें से कई लोगों का पर्दाफाश हो सकता था.
आज आएंगे IG, रसूखदारों के कनेक्शन की जांच
उज्जैन आईजी उमेश जोगा मंगलवार (20 जनवरी) को रतलाम आएंगे और अब तक की जांच को लेकर अधिकारियों से चर्चा करेंगे। पुलिस को पूछताछ में कुछ रसूखदारों के नाम भी पता चले हैं, जिनका दिलावर के घर आना-जाना था। एसपी अमित कुमार ने कहा, "हर एक बिंदू पर हमारी जांच जारी है। पूछताछ के आधार पर कुछ अहम सुराग व कुछ लोगों के नाम भी सामने आए है। जिनका इसके घर आना-जाना लगा रहता था। वह लोग किस कारण से इसके घर आते थे, जांच की जा रही है। अगर उन लोगों की संलिप्तता पाई जाती है तो उन पर कार्रवाई की जाएगी।"
भांजे के घर दबिश, युवती हिरासत में
जांच के दौरान सोमवार रात पुलिस टीम ने चिकलाना में दिलावर के घर के पास रहने वाले उसके भांजे हसन खान के मकान पर भी दबिश दी। पुलिस ने वहां से एक युवती को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है और सीसीटीवी फुटेज चेक किए हैं। फिलहाल अधिकारी इसे 'पार्ट ऑफ इन्वेस्टिगेशन' बता रहे हैं।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस