10 सेकेंड में 80 लाख के गहनों पर हाथ साफ: कार का दरवाजा खोलकर बदमाश फरार, सराफा व्यापारी दुकान बंद कर रहा था
सिवनी में लुटेरों ने दिया बड़ी घटना को अंजाम, व्यापारी की आंखों के सामने सोना-चांदी और कैश से भरे बैग ले गया लुटेरा.
सिवनी जिले के बरघाट नगर के बस स्टैंड पर शनिवार रात की बताई जा रही घटना, सीसीटीवी में कार से गहने और बैग उठाकर भागते दिखा चोर।
सिवनी: मध्य प्रदेश के सिवनी जिले से एक बेहद चौंकाने वाली और सनसनीखेज चोरी की वारदात सामने आई है. जिला मुख्यालय से लगभग 25 किलोमीटर दूर बरघाट नगर के व्यस्ततम बस स्टैंड इलाके में शनिवार, 4 अप्रैल की रात करीब 8 बजे एक सराफा व्यापारी की आंखों के सामने से चोर ने करोड़ों की संपत्ति पर हाथ साफ कर दिया.
पीड़ित व्यापारी दिलीप महाजन, जो क्षेत्र के पूर्व पार्षद भी रह चुके हैं, अपनी दुकान बंद करने की तैयारी में थे. उन्होंने सुरक्षित रूप से जेवरात और नकदी से भरे दो बैग अपनी कार में रखे और दुकान का ताला लगाने के लिए मुड़े. इसी चंद सेकंड की मोहलत का फायदा उठाकर अज्ञात चोर ने कार का दरवाजा खोला और गहनों से भरे बैग लेकर रफूचक्कर हो गया.
25 किलो चांदी और भारी मात्रा में सोना गायब
व्यापारी दिलीप महाजन ने पुलिस को बताया कि, "'बैग में भारी मात्रा में कीमती सामान रखा हुआ था.'' प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बैगों में लगभग 25 किलो चांदी के सिल्ली व जेवर, करीब 30 तोला सोने के आभूषण और 2 से 3 लाख रुपये की नकद राशि मौजूद थी. जैसे ही व्यापारी ताला लगाकर वापस कार की ओर लौटे, गाड़ी का दरवाजा खुला देख उनके पैरों तले जमीन खिसक गई. पलक झपकते ही उनकी महीनों की कमाई और स्टॉक पर चोरों ने हाथ साफ कर दिया था.'' बस स्टैंड जैसे सार्वजनिक स्थान पर हुई इस बड़ी वारदात ने पूरे जिले के सुरक्षा दावों पर सवालिया निशान लगा दिया है.
CCTV में कैद फिल्मी स्टाइल चोरी
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज खंगाले. फुटेज में वारदात का मंजर किसी फिल्मी सीन जैसा नजर आ रहा है. एक युवक, जिसने सफेद रंग की शर्ट पहनी हुई थी, बड़ी ही फुर्ती और सामान्य तरीके से कार के पास आता है. वह बिना किसी हिचकिचाहट के कार का दरवाजा खोलता है और दोनों भारी बैग उठाकर पैदल ही निकल पड़ता है. कुछ दूर जाने के बाद, वह पहले से ही तैयार अपने एक सहयोगी की मोटरसाइकिल पर सवार होता है और तेज रफ्तार में बालाघाट की ओर फरार हो जाता है. पुलिस का मानना है कि चोरों ने इस वारदात को अंजाम देने के लिए पूरी रैकी की थी.
पुलिस महकमे में हड़कंप
इतनी बड़ी चोरी की खबर जिले में आग की तरह फैल गई, जिससे स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों में आक्रोश और भय का माहौल है. मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) दीपक कुमार मिश्रा स्वयं देर रात बरघाट पहुंचे और घटनास्थल का मुआयना किया. उन्होंने स्थानीय पुलिस अधिकारियों को तत्काल नाकाबंदी करने और संदिग्धों की तलाश तेज करने के निर्देश दिए. घटना के बाद से ही बरघाट और अरी थाना पुलिस की टीमें सक्रिय हैं और बालाघाट मार्ग सहित आसपास के सभी जिलों के पुलिस नेटवर्क को अलर्ट मोड पर रखा गया है.
साजिश की आशंका, लंबे समय से हो रही थी रेकी
पुलिस की प्रारंभिक जांच और चोरी के तरीके को देखकर यह स्पष्ट है कि यह कोई अचानक की गई चोरी नहीं थी. बरघाट टीआई मोहनीश सिंह बैस के अनुसार, ''चोरों को इस बात की सटीक जानकारी थी कि बैग में कीमती सामान है और व्यापारी किस समय अपनी कार में बैग रखते हैं. जिस आसानी से दरवाजा खोलकर बैग निकाला गया, उससे अंदेशा जताया जा रहा है कि शातिर अपराधी काफी समय से दिलीप महाजन की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे. पुलिस अब व्यापारी से जेवरात के वजन और कीमत से संबंधित पुख्ता दस्तावेज मांग रही है ताकि एफआईआर में सटीक मूल्यांकन दर्ज किया जा सके.''
व्यापारियों में दहशत, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
पीड़ित व्यापारी दिलीप महाजन ने मात्र 7-8 महीने पहले ही अपनी ज्वेलरी की दुकान शुरू की थी. एक पूर्व पार्षद और प्रतिष्ठित व्यापारी के साथ भीड़भाड़ वाले इलाके में हुई इस घटना ने स्थानीय बाजार की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है. बस स्टैंड जैसे इलाके में जहां लोगों की आवाजाही रात तक बनी रहती है, वहां चोरों के हौसले इतने बुलंद हैं कि उन्हें पुलिस या जनता का कोई डर नहीं रहा. स्थानीय व्यापारिक संगठनों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी की जाए और चोरी गया माल बरामद किया जाए
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस