गुमशुदगी से खुला गैंगरेप और हत्या का राज: नाबालिग का अधजला शव बरामद, प्रेमी समेत तीन आरोपी हिरासत में

ग्वालियर में नाबालिग से गैंगरेप के बाद हत्या, शव को पेट्रोल डालकर जलाया: प्रेमी ने 50 हजार में बेचने का किया था सौदा, तीन आरोपी हिरासत में

गुमशुदगी से खुला गैंगरेप और हत्या का राज: नाबालिग का अधजला शव बरामद, प्रेमी समेत तीन आरोपी हिरासत में

भिंड की 15 वर्षीय छात्रा की गुमशुदगी की जांच में हुआ सनसनीखेज खुलासा, कथित प्रेमी समेत तीन आरोपी हिरासत में; नवग्रह मंदिर की पहाड़ी से अधजला शव बरामद, पुलिस जुटा रही साक्ष्य

ग्वालियर। भिंड जिले की 15 वर्षीय नाबालिग छात्रा की गुमशुदगी के मामले में पुलिस जांच के दौरान ऐसा खुलासा हुआ है जिसने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। शुरुआती तौर पर लापता मानी जा रही छात्रा के मामले में अब सामूहिक दुष्कर्म, हत्या और शव को जलाकर सबूत मिटाने की साजिश सामने आई है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य आरोपी और मृतका के कथित प्रेमी रामू गुर्जर सहित तीन युवकों को हिरासत में लिया है। आरोपियों की निशानदेही पर ग्वालियर के नवग्रह मंदिर की पहाड़ी से नाबालिग का अधजला शव भी बरामद कर लिया गया है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मृतका भिंड जिले के मौ क्षेत्र की रहने वाली थी और 28 मई को संदिग्ध परिस्थितियों में घर से गायब हो गई थी। परिजनों ने काफी तलाश के बाद स्थानीय थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। परिजनों ने पुलिस को बताया था कि इलाके में रहने वाला रामू गुर्जर अक्सर लड़की के संपर्क में रहता था और उन्हें उसी पर संदेह है। इसी आधार पर पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाया और तकनीकी साक्ष्यों को खंगालना शुरू किया।

जांच के दौरान पुलिस ने मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड, लोकेशन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का विश्लेषण किया। जांच में कई ऐसे तथ्य सामने आए जिनसे रामू गुर्जर की भूमिका संदिग्ध दिखाई दी। इसके बाद पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। शुरुआत में आरोपी लगातार पुलिस को गुमराह करता रहा और घटना से खुद को अलग बताता रहा, लेकिन जब उसके सामने तकनीकी साक्ष्य रखे गए तो वह कथित रूप से टूट गया और उसने पूरी वारदात की जानकारी पुलिस को दे दी।

पुलिस के अनुसार, 28 मई को रामू गुर्जर नाबालिग को बहला-फुसलाकर अपनी बुलेट मोटरसाइकिल पर बैठाकर ग्वालियर ले आया था। इस पूरी योजना में उसका साथी अरुण भी शामिल था। दोनों आरोपी छात्रा को जनकगंज थाना क्षेत्र स्थित नवग्रह मंदिर के ऊपर स्थित सुनसान पहाड़ी क्षेत्र में ले गए। पुलिस का आरोप है कि वहां दोनों ने छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया।

जांच अधिकारियों के मुताबिक, छात्रा ने आरोपियों का विरोध किया और घर वापस जाने की बात कही। वह लगातार रो रही थी और खुद को छोड़ देने की गुहार लगा रही थी। इसी दौरान आरोपियों ने कथित रूप से उसके साथ मारपीट भी की। पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि वारदात के बाद मुख्य आरोपी रामू गुर्जर ने छात्रा को 50 हजार रुपए में बेचने की बात अपने साथी के सामने रखी थी। जब छात्रा ने इसका विरोध किया और शोर मचाने की कोशिश की तो आरोपी बौखला गए।

पुलिस के अनुसार, विरोध के बाद दोनों आरोपियों ने मिलकर छात्रा की हत्या कर दी। आरोप है कि उसका गला दबाकर उसे मौत के घाट उतार दिया गया। हत्या के बाद शव को पहाड़ी क्षेत्र में झाड़ियों के बीच छिपा दिया गया और दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए।

हालांकि घटना के बाद आरोपियों को लगातार गिरफ्तारी का डर सताने लगा। उन्हें आशंका थी कि यदि शव बरामद हो गया तो पुलिस आसानी से उनके खिलाफ साक्ष्य जुटा सकती है। इसी कारण उन्होंने अगले दिन सबूत मिटाने की नई योजना बनाई। 29 मई को रामू और अरुण अपने एक अन्य साथी गौरव कुशवाह को साथ लेकर फिर से घटनास्थल पर पहुंचे।

पुलिस का कहना है कि तीनों आरोपियों ने शव पर पेट्रोल छिड़ककर आग लगा दी, ताकि पहचान पूरी तरह मिट जाए और पुलिस को जांच में कठिनाई हो। शव को आंशिक रूप से जलाने के बाद आरोपी वहां से भाग निकले। इस पूरी कार्रवाई का उद्देश्य हत्या और अन्य अपराधों के साक्ष्य मिटाना बताया जा रहा है।

उधर, छात्रा की तलाश में जुटे परिजन लगातार पुलिस से संपर्क बनाए हुए थे। गुमशुदगी की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ी, पुलिस का शक रामू गुर्जर पर और गहराता गया। आखिरकार पूछताछ के दौरान आरोपी के कथित खुलासे के बाद पुलिस की टीम उसे साथ लेकर नवग्रह मंदिर की पहाड़ी पर पहुंची।

आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने पहाड़ी क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान वहां से एक अधजला शव बरामद किया गया। शव की पहचान लापता छात्रा के रूप में की गई। पुलिस ने पूरे क्षेत्र को घेरकर जांच शुरू कर दी और फोरेंसिक विशेषज्ञों की टीम को भी मौके पर बुलाया गया।

फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से कई महत्वपूर्ण नमूने और साक्ष्य एकत्र किए हैं। पुलिस को उम्मीद है कि वैज्ञानिक जांच और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से मामले की कई अहम कड़ियां जुड़ सकेंगी। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने का इंतजार किया जा रहा है।

सीएसपी लश्कर किरन अहिरवार ने बताया कि आरोपी की निशानदेही पर अधजला शव बरामद किया गया है। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए गए हैं और मामले की गहन जांच जारी है। उन्होंने बताया कि तीनों आरोपियों से पूछताछ की जा रही है तथा सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ हत्या, दुष्कर्म, साक्ष्य मिटाने और अन्य संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। चूंकि पीड़िता नाबालिग थी, इसलिए बाल संरक्षण कानूनों के तहत भी प्रकरण में आवश्यक धाराएं जोड़ी जा रही हैं। जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि इस अपराध में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका तो नहीं रही।

घटना के सामने आने के बाद क्षेत्र में लोगों में भारी आक्रोश है। स्थानीय नागरिकों और सामाजिक संगठनों ने दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि नाबालिग के साथ हुई यह घटना मानवता को शर्मसार करने वाली है और ऐसे अपराधियों को कानून के तहत कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।

फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत जांच में जुटी हुई है। अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी साक्ष्य, फोरेंसिक रिपोर्ट और आरोपियों से पूछताछ के आधार पर जल्द ही पूरे मामले का चालान न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस का दावा है कि मामले में मजबूत साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं ताकि दोषियों को न्यायालय से कठोर सजा दिलाई जा सके और पीड़ित परिवार को न्याय मिल सके।