जल संकट पर सियासत तेज: राहुल गांधी ने इंदौर में पीड़ित परिवारों से की मुलाकात,प्रभावित परिवारों को ₹1-1 लाख का चेक दिया; इससे पहले अस्पताल भी गए थे
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी शनिवार को इंदौर पहुंचे। दूषित पानी पीने से बीमार हुए मरीजों और मृतकों के परिजन से मुलाकात की। राहुल सबसे पहले बॉम्बे हॉस्पिटल गए, जहां उन्होंने दूषित पानी से पीड़ित मरीजों और परिजन से मुलाकात की।
इंदौर दूषित पानी केस: राहुल गांधी का सरकार पर हमला, पीड़ितों को दी आर्थिक मदद
Rahul Gandhi in Indore: लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आज इंदौर दौरे पर हैं। वे एयरपोर्ट से सीधे बॉम्बे हॉस्पिटल पहुंचे। यहां वे दूषित जल से पीड़ित मरीजों से मिले। इसके बाद दूषित जल से प्रभावित इलाकों का जायजा लेने रवाना हो गए। बता दें कि राहुल गांधी यहां तीन पीड़ित परिवारों से मुलाकात करेंगे। इनमें 5 माह के अव्यान के परिजन भी शामिल है। इसके बाद वे सभी पीड़ित परिवारों से संस्कार गार्डन में मुलाकात करेंगे।
संकरी गलियों में नहीं जा सकेगा काफिला, गली में कोने पर मिलेंगे परिवार
इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र के जिस इलाके में राहुल गांधी पहुंचने वाले थे, उनकी गलियां इतनी संकरी हैं कि राहुल के काफिले का वहां पहुंचना मुश्किल है। अब बताया जा रहा है कि पीड़ित परिवार पैदल गली के कोने तक आएंगे और राहुल गांधी उनसे बात करेंगे। शुक्रवार रात एयरपोर्ट पर सुरक्षा एजेंसियों की बैठक में यह निर्णय लिया गया कि सुरक्षा कारणों के चलते राहुल गांधी भागीरथपुरा में नहीं जाएंगे।
गीता देवी के परिजनों से मिलने पैदल उनके घर पहुंचे
राहुल गांधी भागीरथपुरा पहुंचे और कार से उतर गए, सुरक्षा की सारी बेड़ियों को एक तरफ रख वे पैदल ही पीड़ित परिवार से मिलने उनके घर में जाते नजर आए। वे दूषित पानी से मौत की नींद सोईं गीता देवी के परिजनों से मिलने पहुंचे हैं।
एक-एक लाख की आर्थिक सहायता भी दी
राहुल गांधी ने यहां पीड़ित परिवारों से मिलकर एक-एक लाख रुपए की आर्थिक सहायता भी दी। इस राशि के लिए उन्होंने उन्हे चेक सौंपे।
राहुल गांधी के दौरे से कांग्रेस ने साफ संकेत दिया है कि पार्टी इस मुद्दे को राजनीतिक और सामाजिक दोनों स्तरों पर उठाएगी. स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते प्रशासन ने ध्यान दिया होता, तो इतनी बड़ी त्रासदी को रोका जा सकता था.
राहुल बोले– इंदौर में लोग पानी पीकर मर रहे, ये अर्बन मॉडल भागीरथपुरा में मृतकों के परिजन से मिलने के बाद राहुल ने कहा– इनके परिवार में लोगों की डेथ हुई है। लोग बीमार हुए हैं। ये कहा जाता था कि देश को स्मार्ट सिटी दी जाएंगी। ये नए मॉडल की स्मार्ट सिटी है। पीने का पानी नहीं है। लोगों को डराया जा रहा है। सारे के सारे परिवार पानी पीने के बाद बीमार हुए। यानी इंदौर में साफ पानी नहीं मिल सकता है। पानी पीकर लोग मरते हैं। ये है अर्बन मॉडल।
सरकार को जिम्मेदारी लेनी चाहिए… राहुल ने कहा– ये सिर्फ इंदौर में नहीं है। अलग–अलग शहरों में यही हो रहा है। सरकार अपनी जिम्मेदारी नहीं निभा रही है। सरकार में कोई तो जिम्मेदार होगा, जिसने यहां ये काम करवाया है। कोई तो जिम्मेदारी सरकार को लेनी चाहिए। लोगों ने जो इलाज कराया है, मौतें हुई हैं उसके लिए सरकार को मुआवजा तो देना चाहिए।
रहवासियों ने बताया– साफ पानी नहीं मिल रहा राहुल बोले कि उनको रहवासियों ने बताया कि ये जो टंकी है ये सिंबल है। आज भी साफ पानी नहीं मिल रहा है। बैन लगा दिया है, लेकिन कुछ दिन में हटा दिया जाएगा और फिर वही पानी दिया जाएगा। लोग कह रहे हैं जो सरकार की जिम्मेदारी है उसे पूरा करे।
राजनीति के सवाल पर बोले– मदद करने आया आप यहां राजनीति करने आए हैं? इस सवाल के जवाब में राहुल ने कहा– मैं उनको सपोर्ट करने यहां आया हूं। मैं विपक्ष का नेता हूं। यहां उनका मुद्दा उठाने उनकी मदद करने आया हूं। इसमें कोई गलत काम नहीं है। मेरी जिम्मेदारी बनती है कि हमारी देश में लोगों को साफ पानी नहीं मिल रहा है तो मदद करूं। मैं इनके साथ खड़ा हूं। आप इनको साफ पानी दिलवाइए।
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस