अफवाह ने ली जान! मंडला में भीड़ बनी जल्लाद, बच्चा चोर समझकर किशोर को पीटा, अगले दिन मिली लाश

मध्यप्रदेश के मंडला जिले में बच्चा चोर की अफवाह के बाद भीड़ द्वारा एक 17 वर्षीय किशोर की बेरहमी से पिटाई का मामला सामने आया है। घायल किशोर को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन अगले दिन उसका शव सड़क पर मिला। घटना का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

अफवाह ने ली जान! मंडला में भीड़ बनी जल्लाद, बच्चा चोर समझकर किशोर को पीटा, अगले दिन मिली लाश

भीड़ की हैवानियत या सिस्टम की लापरवाही? पिटाई के बाद किशोर की मौत पर उठे बड़े सवाल

अफवाह, पिटाई और मौत: मंडला में मॉब जस्टिस ने छीनी 17 साल के दिव्यांग की जिंदगी

बच्चा चोर की अफवाह बनी मौत का फरमान, मंडला में भीड़ की बर्बरता कैमरे में कैद

मध्यप्रदेश के मंडला जिले में मॉब लिंचिंग जैसी क्रूर घटना सामने आई है। 26 फरवरी को बच्चा चोर होने की अफवाह के बाद ग्रामीणों की भीड़ ने एक 17 वर्षीय किशोर को पकड़कर बेरहमी से पीट दिया। गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन अगले दिन सुबह उसका शव सड़क पर मिला, जिससे पूरे इलाके में सनसनी फैल गई।

छत्तीसगढ़ का रहने वाला था मृतक

मृतक की पहचान छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले के ग्राम कुकरापानी निवासी अमरलाल (17) के रूप में हुई है। परिजन बिछिया पहुंचे और शव की शिनाख्त की। परिवार के अनुसार अमरलाल मानसिक रूप से दिव्यांग था और कुछ दिन पहले घर से लापता हो गया था।

अफवाह फैलते ही भीड़ ने बनाया निशाना

घटना बिछिया थाना क्षेत्र के बरखेड़ा गांव की है, जहां बच्चा चोर होने की अफवाह फैल गई थी। इसी दौरान ग्रामीणों ने किशोर को पकड़ लिया और उसे बांधकर मारपीट शुरू कर दी। वायरल वीडियो में कई लोग युवक को घेरकर पीटते दिखाई दे रहे हैं। एक व्यक्ति डंडे से मारता नजर आता है, जबकि दूसरा उसके बाल पकड़कर जमीन पर पटक देता है। वीडियो में किशोर की चीखें भी सुनाई देती हैं।

पुलिस ने छुड़ाकर अस्पताल पहुंचाया

गांव के सरपंच की सूचना पर बिछिया पुलिस मौके पर पहुंची और युवक को भीड़ से छुड़ाकर इलाज के लिए अस्पताल भेजा। पुलिस अधीक्षक रजत सकलेचा के अनुसार शुरुआती जांच में युवक मानसिक रूप से कमजोर प्रतीत हो रहा था और उसकी पहचान तत्काल नहीं हो सकी थी।

अस्पताल से गायब, अगले दिन मिला शव

पुलिस के मुताबिक इलाज के दौरान किशोर अस्पताल से चला गया था। 27 फरवरी की सुबह करीब 10:35 बजे एनएच-30 पर ग्राम गुनेरा के पास सड़क किनारे उसका शव मिला। पुलिस का अनुमान है कि रात के दौरान किसी अज्ञात वाहन की टक्कर से उसकी मौत हुई।

पुलिस के दावों पर उठ रहे कई सवाल

हालांकि मामले में कई सवाल अब भी अनुत्तरित हैं। अस्पताल से किशोर कैसे निकल गया, उस समय सुरक्षा व्यवस्था क्या थी, पुलिस को तुरंत सूचना क्यों नहीं दी गई और हादसे का कोई प्रत्यक्षदर्शी क्यों सामने नहीं आया—इन बिंदुओं पर स्पष्ट जवाब नहीं मिल पाए हैं।

वीडियो के आधार पर FIR दर्ज

मारपीट का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस ने मंगलवार को आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। वहीं, टक्कर मारने वाले अज्ञात वाहन की पहचान के लिए जांच जारी है।

पुलिस की अपील

एसपी ने लोगों से अपील की है कि किसी भी अफवाह पर भरोसा न करें और संदिग्ध व्यक्ति दिखने पर तुरंत पुलिस को सूचना दें। कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।