यूसीसी पर भाकपा का बड़ा विरोध, कहा- सर्वदलीय सहमति के बिना न लाए सरकार कानून

भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) ने मध्य प्रदेश सरकार के समान नागरिक संहिता (यूसीसी) प्रस्ताव को अनावश्यक बताते हुए इस मुद्दे पर सभी राजनीतिक दलों की सर्वदलीय बैठक बुलाने की मांग की है। भाकपा के राज्य सचिव शैलेन्द्र शैली ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर कहा कि यूसीसी में कई विसंगतियां और अंतर्विरोध हैं तथा जनता को इसकी बजाय समान आर्थिक संहिता की जरूरत है।

यूसीसी पर भाकपा का बड़ा विरोध, कहा- सर्वदलीय सहमति के बिना न लाए सरकार कानून

समान नागरिक संहिता : भाकपा द्वारा सर्व दलीय बैठक की मांग

भोपाल ।भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी ने मध्य प्रदेश सरकार के समान नागरिक संहिता के प्रस्ताव को अनावश्यक बताते हुए इस मुद्दे पर मध्य प्रदेश में सक्रिय सभी राजनीतिक दलों की सर्व दलीय बैठक आयोजित करने की मांग की है*।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के मध्य प्रदेश राज्य सचिव कॉमरेड शैलेन्द्र शैली ने यहां जारी एक विज्ञप्ति में बताया कि " भाकपा द्वारा मध्य प्रदेश के मुख्य मंत्री डॉक्टर मोहन यादव को प्रेषित पत्र में यह स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि समान नागरिक संहिता का प्रस्ताव अनावश्यक , विसंगतियों और अंतर्विरोधों से ग्रस्त है ।जनता को इसकी ज़रूरत नहीं है।जनता को खुशहाली के लिए समान आर्थिक संहिता चाहिए।मध्य प्रदेश सरकार द्वारा समान नागरिक संहिता के लिए जनता से ऑन लाइन राय मांगी गई है।मध्य प्रदेश जैसे पिछड़े प्रदेश में अभी भी अधिकांश जनता ऑन लाइन व्यवस्था से वंचित है।अधिकांश जनता की राय लिए बिना इस महत्वपूर्ण विषय पर कोई निर्णय लेना उचित नहीं है।बेहतर यह होगा कि समान नागरिक संहिता का प्रस्ताव विज्ञापन के रूप में समाचार पत्रों में प्रकाशित कर जनता से इस सम्बन्ध में राय मांगी जाए । इसके साथ ही मध्य प्रदेश में सक्रिय सभी राजनीतिक दलों की सर्व दलीय बैठक  सरकार द्वारा आयोजित की जाए ,ताकि समान नागरिक संहिता के औचित्य ,विसंगतियों और अंतर्विरोधों पर व्यापक रूप से चर्चा हो सके। भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की मांग है कि सर्व दलीय बैठक में कोई सहमति बनने पर 
ही सर्वसम्मत प्रस्ताव मध्य प्रदेश विधान सभा में प्रस्तुत किया जाए ।