320 में सिर्फ 12 विधायकों को मिला मौका, महाराजपुर विधायक कामाख्या प्रताप सिंह ने दिल्ली में रखा बुंदेलखंड का पक्ष-'विकसित भारत @2047' पर राष्ट्रीय मंथन में बोले— कौशलवान युवा ही बनाएंगे आत्मनिर्भर और विकसित भारत

नई दिल्ली में आयोजित 'विकसित भारत @2047' राष्ट्रीय कार्यशाला में महाराजपुर विधायक कामाख्या प्रताप सिंह ने मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व किया। प्रदेश के 320 विधायकों में से केवल 12 को इस कार्यशाला के लिए चुना गया था। कार्यक्रम में कौशल विकास, रोजगार, श्रम सुधार और आत्मनिर्भर भारत पर मंथन हुआ। विधायक ने कहा कि युवाओं को आधुनिक कौशल और रोजगारोन्मुखी प्रशिक्षण देकर महाराजपुर क्षेत्र के विकास और विकसित भारत के लक्ष्य को गति दी जाएगी।

320 में सिर्फ 12 विधायकों को मिला मौका, महाराजपुर विधायक कामाख्या प्रताप सिंह ने दिल्ली में रखा बुंदेलखंड का पक्ष-'विकसित भारत @2047' पर राष्ट्रीय मंथन में बोले— कौशलवान युवा ही बनाएंगे आत्मनिर्भर और विकसित भारत

दिल्ली में कौशल और रोजगार पर राष्ट्रीय मंथन, कामाख्या प्रताप सिंह ने रखा महाराजपुर का विजन

विकसित भारत के रोडमैप पर राष्ट्रीय चर्चा, महाराजपुर विधायक ने युवाओं के कौशल विकास पर दिया जोर

नई दिल्ली/छतरपुर। प्रधानमंत्री के 'विकसित भारत @2047' के संकल्प को साकार करने की दिशा में नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय कार्यशाला में महाराजपुर विधायक कामाख्या प्रताप सिंह ने मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व किया। खास बात यह रही कि मध्यप्रदेश विधानसभा के 320 विधायकों में से केवल 12 जनप्रतिनिधियों का चयन इस राष्ट्रीय कार्यशाला के लिए किया गया था, जिनमें महाराजपुर विधायक कामाख्या प्रताप सिंह भी शामिल रहे। इसे क्षेत्र के लिए सम्मान और गौरव का विषय माना जा रहा है।

NFPRC फाउंडेशन के सहयोग से आयोजित "विकसित भारत @2047 के लिए श्रम एवं कौशल पारितंत्र को सशक्त बनाने" विषयक इस कार्यशाला में देशभर से आए सांसदों, विधायकों, नीति-निर्माताओं और विशेषज्ञों ने भविष्य के भारत की आर्थिक तस्वीर, रोजगार, श्रम सुधार और कौशल विकास पर व्यापक मंथन किया।

युवा शक्ति को बनाना होगा भविष्य की सबसे बड़ी ताकत

कार्यशाला में केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया ने कहा कि विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा, जब देश का युवा कौशल से संपन्न होगा और श्रमिकों को बेहतर अवसर मिलेंगे। हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविंदर कल्याण, भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव एवं राज्यसभा सांसद विनोद तावड़े तथा तरुण चुघ ने भी बदलती वैश्विक अर्थव्यवस्था, नई तकनीकों और रोजगार के अवसरों पर अपने विचार रखे।

विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि आने वाले वर्षों में रोजगार की प्रकृति तेजी से बदलेगी। ऐसे में युवाओं को आधुनिक तकनीक, डिजिटल स्किल और उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप प्रशिक्षित करना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।

'कौशल विकास ही विकसित भारत की मजबूत नींव'

कार्यशाला में शामिल होने के बाद विधायक कामाख्या प्रताप सिंह ने कहा कि श्रम और कौशल विकास ही भविष्य की सबसे बड़ी ताकत है। यदि युवाओं को समय के अनुरूप प्रशिक्षण और रोजगारोन्मुखी कौशल उपलब्ध कराया जाए तो भारत को विकसित राष्ट्र बनने से कोई नहीं रोक सकता।

उन्होंने कहा कि दिल्ली में हुए इस राष्ट्रीय मंथन से मिले अनुभव और सुझावों को महाराजपुर विधानसभा क्षेत्र में लागू करने का प्रयास किया जाएगा। युवाओं को स्वरोजगार, कौशल प्रशिक्षण और रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार काम किया जाएगा।

महाराजपुर के विकास को मिलेगी नई दिशा

विधायक ने कहा कि इस कार्यशाला से प्राप्त मार्गदर्शन क्षेत्र के श्रमिकों के सशक्तिकरण, युवाओं को रोजगार से जोड़ने और सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में नई ऊर्जा देगा। विकसित भारत के लक्ष्य को जनभागीदारी से जोड़ते हुए उन्होंने विश्वास जताया कि स्थानीय स्तर पर कौशल विकास को बढ़ावा देकर क्षेत्र के युवाओं को राष्ट्रीय विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जाएगा।

उन्होंने कहा कि विकसित भारत का सपना केवल सरकार का नहीं, बल्कि देश के हर युवा, हर श्रमिक और हर नागरिक की भागीदारी से ही साकार होगा।