अजय राय के खिलाफ FIR, प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप, अधिवक्ता ने सौंपी ‘पेन ड्राइव’

अजय राय के अलावा पूर्व कांग्रेस कमेटी सचिव बृजराज अहिरवार और कांग्रेस पार्टी के 30 अज्ञात समर्थकों के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज की गई है।

अजय राय के खिलाफ FIR, प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप, अधिवक्ता ने सौंपी ‘पेन ड्राइव’

उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अजय राय ने PM मोदी को लेकर आपत्तिजनक बयान दिया और बातचीत के दौरान अभद्र भाषा का प्रयोग किया.

अजय राय के विवादित बयानों का लंबा इतिहास: पीएम मोदी को ‘गद्दार’ से ‘बहुरूपिया’ तक कहा, कई बार मचा राजनीतिक बवाल

लखनऊ। उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष Ajay Rai एक बार फिर विवादों में हैं। प्रधानमंत्री Narendra Modi के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी के मामले में FIR दर्ज होने और पेन ड्राइव सौंपे जाने की चर्चा के बीच अजय राय के पुराने विवादित बयान भी फिर सुर्खियों में आ गए हैं। पिछले कुछ वर्षों में उन्होंने कई ऐसे बयान दिए, जिन पर सियासी विवाद खड़ा हुआ और कानूनी कार्रवाई तक की नौबत आई।

हालिया विवाद महोबा से लौटते समय कार्यकर्ताओं से बातचीत के दौरान वायरल हुए वीडियो से जुड़ा है। भाजपा ने इसे प्रधानमंत्री के खिलाफ अभद्र टिप्पणी बताया, जबकि अजय राय ने वीडियो को एडिटेड करार दिया। इस मामले के बाद उनके पुराने बयान भी फिर चर्चा में आ गए हैं।

इसी साल जनवरी में एक कार्यक्रम के दौरान अजय राय ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को “बहुरूपिया” कहा था। उन्होंने प्रधानमंत्री के पहनावे और सार्वजनिक कार्यक्रमों में उनके अलग-अलग रूपों पर टिप्पणी करते हुए कहा था कि वे कभी त्रिशूल लहराते हैं तो कभी महादेव का मुकुट पहनते हैं। इस बयान पर भाजपा ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी और इसे प्रधानमंत्री का अपमान बताया था।

इसके बाद गुरुवार को अजय राय ने प्रधानमंत्री मोदी को “गद्दार” कहकर नया विवाद खड़ा कर दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा और संघ का गद्दारी का पुराना इतिहास रहा है। साथ ही दावा किया कि 2014 लोकसभा चुनाव के दौरान उन्हें खरीदने की कोशिश की गई थी। उन्होंने प्रधानमंत्री की विदेश यात्राओं और सोशल मीडिया गतिविधियों पर भी तंज कसा।

विवादों का यह सिलसिला नया नहीं है। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2022 के दौरान अजय राय का एक वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने कहा था कि “7 मार्च को मोदी-योगी को जमीन में गाड़ दिया जाएगा।” इस बयान को लेकर भारी राजनीतिक विवाद हुआ था और उनके खिलाफ राजद्रोह समेत कई धाराओं में मामला दर्ज किया गया था। उस समय भाजपा ने इसे लोकतांत्रिक मर्यादाओं के खिलाफ बताया था।

यही नहीं, विधानसभा चुनाव 2022 के दौरान ही अजय राय ने पूर्व केंद्रीय मंत्री और अमेठी की पूर्व सांसद Smriti Irani पर भी विवादित टिप्पणी की थी। उन्होंने कहा था कि स्मृति ईरानी अमेठी आती हैं, “लटके-झटके” देती हैं और चली जाती हैं। इस बयान पर काफी विवाद हुआ था और National Commission for Women ने संज्ञान लेते हुए उन्हें समन जारी किया था। हालांकि अजय राय ने अपने बयान पर माफी मांगने से इनकार कर दिया था।

लगातार विवादित बयानों के कारण अजय राय अक्सर राजनीतिक बहस के केंद्र में रहे हैं। भाजपा इन बयानों को कांग्रेस की राजनीति से जोड़कर हमला करती रही है, जबकि कांग्रेस कई मौकों पर इन्हें राजनीतिक बयान या संदर्भ से हटाकर पेश किए जाने का दावा करती रही है।

अब प्रधानमंत्री मोदी को लेकर सामने आए नए विवाद और FIR के बाद एक बार फिर उत्तर प्रदेश की राजनीति में बयानबाजी को लेकर सियासी तापमान बढ़ गया है। आने वाले दिनों में यह मामला और तूल पकड़ सकता है।