हक की बात’ में गूंजी बेटियों की आवाज: डीएम ने मौके पर दिए समाधान के निर्देश, मिशन शक्ति 5.0 बना सशक्त मंच

उरई में मिशन शक्ति 5.0 के तहत आयोजित “हक की बात जिलाधिकारी के साथ” कार्यक्रम में छात्राओं, महिलाओं और स्वयं सहायता समूह की सदस्यों ने खुलकर अपनी समस्याएं रखीं। जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक विनय कुमार ने सभी मुद्दों को गंभीरता से सुनते हुए संबंधित अधिकारियों को त्वरित समाधान के निर्देश दिए।

हक की बात’ में गूंजी बेटियों की आवाज: डीएम ने मौके पर दिए समाधान के निर्देश, मिशन शक्ति 5.0 बना सशक्त मंच

हक की बात’ में बेटियों ने बेझिझक रखी आवाज, डीएम ने दिए त्वरित समाधान के निर्देश

 मिशन शक्ति 5.0 के तहत नारी सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन को मिला सशक्त मंच

उरई । नारी सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलंबन के उद्देश्य से संचालित मिशन शक्ति 5.0 चरण-2 के अंतर्गत विकास भवन के रानी लक्ष्मीबाई सभागार में “हक की बात जिलाधिकारी के साथ” कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें जिलाधिकारी राजेश कुमार पाण्डेय व पुलिस अधीक्षक विनय कुमार ने छात्राओं, महिलाओं एवं स्वयं सहायता समूह की सदस्यों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान हेतु तत्काल निर्देश दिए।
कार्यक्रम में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय मडोरा की छात्रा प्रतीक्षा (कक्षा 07) ने विद्यालय में डॉक्टर की अनुपलब्धता का मुद्दा उठाया, जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसी क्रम में पल्लवी (कक्षा 07) एवं अर्चना (कक्षा 08) ने भी अपने विचार एवं समस्याएं साझा कीं।राजकीय इंटर कॉलेज की छात्रा ने विद्यालय परिसर में वर्षा के दौरान जलभराव की समस्या को प्रमुखता से रखा। इस पर जिलाधिकारी ने गंभीरता दिखाते हुए रेन वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम और ड्रेनेज सिस्टम ठीक कर उसे स्थापित करने के निर्देश दिए और आश्वस्त किया कि आगामी बारिश में इस समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। कार्यक्रम में स्वयं सहायता समूह की सदस्य रजनी खरे ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि किस प्रकार उन्होंने समूह से जुड़कर झोला, झंडा आदि निर्माण कार्यों के माध्यम से अपना स्वरोजगार स्थापित किया और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनीं। वहीं ग्राम अमगोहा की अनिता यादव ने गांव में हैंडपंप के परिवार के लोगों द्वारा अपने कब्जे में कर लेने की की समस्या उठाई, जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित विभाग को प्राथमिकता के आधार पर हैंडपंप को मुक्त  कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि मिशन शक्ति के तहत इस प्रकार के संवाद कार्यक्रम महिलाओं एवं बालिकाओं को अपनी बात रखने का सशक्त मंच प्रदान करते हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त सभी समस्याओं का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि प्रत्येक महिला और बालिका को सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण मिल सके। जिलाधिकारी ने सभी प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी केके सिंह, नगर मजिस्ट्रेट सुनील कुमार, डीआईओएस राजकुमार पंडित, बीएसए चंद्रप्रकाश आदि मौजूद रहे।