केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का बड़ा बयान- मुझे FIR की परवाह नहीं,:सीहोर में आदिवासियों को मिले नोटिस पर कहा- अन्याय नहीं होने दूंगा, मुख्यमंत्री से करेंगे बात

शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि आदिवासी वर्षों से उस भूमि पर खेती कर रहे हैं, जो उनका जीवनाधार है। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी दी कि देश में लोकतंत्र है, अफसरशाही नहीं। गरीबों के पेट पर लात मत मारो। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि प्रशासन ने पुराने कब्जे वाली जमीन पर बोवनी रोकी, तो सविनय अवज्ञा आंदोलन किया जाएगा।

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का बड़ा बयान- मुझे FIR की परवाह नहीं,:सीहोर में आदिवासियों को मिले नोटिस पर कहा- अन्याय नहीं होने दूंगा, मुख्यमंत्री से करेंगे बात

सरदार वल्लभभाई पटेल वन्य अभ्यारण बनाने के प्रस्ताव को आदिवासियों से जमीन खाली करने का नोटिस दिया गया है, जिसके विरोध में आदिवासी उतर आए हैं. अब उनके समर्थन में शिवराज सिंह चौहान भी आ गए हैं.

सीहोर जिले के भैरूंदा तहसील का दशहरा मैदान बुधवार को जनसैलाब से भर गया… जब केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आदिवासी पंचायत को संबोधित करते हुए वन विभाग की तानाशाही के खिलाफ खुलकर आवाज उठाई…. वन भूमि पर खेती कर रहे आदिवासियों को बोवनी न करने के नोटिस थमाए जाने के विरोध में हजारों लोग जुटे… इस बीच शिवराज सिंह ने कहा कि कोई भी अपने पुराने कब्जे नहीं छोड़ेगा, सब बोवनी करेंगे…साथ ही उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि प्रशासन ने पुराने कब्जे वाली जमीन पर बोवनी रोकी…तो सविनय अवज्ञा आंदोलन किया जाएगा….चौहान ने यह भी कहा कि वे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मिलकर इस पूरे प्रकरण की जानकारी देंगे 

जनजातीय बहनों के साथ अन्याय नहीं होने दूंगा

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भैरूंदा में आदिवासियों को मिले जमीन खाली करने के नोटिस के मामले में कहा कि, मैं कभी भी जनजातीय भाई-बहनों के साथ अन्याय नहीं होने दूंगा. उन्होंने कहा कि, भारतीय जनता पार्टी की सरकार आदिवासी हितैषी हैं और प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव भी आदिवासियों के प्रति संवेदनशील हैं. शिवराज सिंह ने कहा कि, आदिवासियों की जमीनों के संबंध में मुख्यमंत्री से भी चर्चा करूँगा और उन्हें इस पूरे विषय से अवगत करवाएंगे. दरअसल दीवाली के दिन ही वन विभाग ने भैरूंदा में सालों से पट्टे की जमीन पर रह रहे आदिवासी परिवारों को जमीन खाली करने का नोटिस थमा दिया था, जिसके बाद सभी परिवार धरने पर बैठ गए थे.

शिवराज चौहान बोले- 'आंखों में शिवराज खटकता है'

आदिवासियों से मुलाकात के दौरान शिवराज चौहान से पास खड़े एक युवक ने बड़ी बात बोली। युवक ने कहा कि यहां पर आदिवासियों को शिवराज चौहान ने ही बसाया है। इस पर शिवराज ने कहा कि ऐसे लोग जो मानसिक रूप से विकृत हैं । उनकी आंखों में तो शिवराज सिंह चौहान खटकता है। जिनका राज यहां पर है उनको कह रहे हैं कि यह कहां से आ गए, उनको नोटिस दिए जा रहे हैं। यह पागलपन की बात है और इसे बीजेपी सरकार किसी भी कीमत पर इसे सहन नहीं करेगी। इस मौके पर शिवराज ने आदिवासियो के साथ खड़े होने की बात कही है।

आदिवासियों के साथ किया भोजन

उन्होंने आदिवासियों के पक्ष में आकर प्रस्तावित अभ्यारण को वापस करने की सरकार से मांग उठाई. इस मुद्दे पर भैरूंदा में सैकड़ों आदिवासी एकत्रित हुए और अपना शक्ति प्रदर्शन करते हुए दशहरा मैदान में आदिवासी जनजातीय महापंचायत का आयोजन किया. इस दौरान केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आदिवासियों के बीच बैठकर भोजन किया और उनकी समस्याएं सुनीं. गौरतलब है कि यह गांव उनके संसदीय क्षेत्र में आते हैं.

शिवराज बोले- जमीन से हमें कोई अलग नहीं कर सकता

दरअसल, कुछ दिन पहले वन विकास निगम ने क्षेत्र के आदिवासियों को जमीन खाली करने के लिए नोटिस जारी किए थे. इसको लेकर शिवराज सिंह चौहान ने आदिवासियों की महापंचायत को संबोधित करते हुए कहा कि जमीन हमारी मां है. जमीन से हमें कोई अलग नहीं कर सकता. वर्षों से उस जमीन पर आदिवासियों का कब्जा है. उन्हें कोई नहीं हटा सकता, सरकार आपके साथ है.

सीएम के संज्ञान में मामला, नहीं छीनी जाएगी जमीन

केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि यह गंभीर मुद्दा है. मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के संज्ञान में यह पूरा मामला और पृष्ठभूमि है. आज आदिवासी महापंचायत में यह तय हुआ कि अब कोई नया कब्जा नहीं होने दिया जाएगा और जो वर्षों पुराने आदिवासी भाइयों के कब्जे हैं, वह उनसे नहीं छीने जाएंगे