असम में बीजेपी लगाएगी जीत का चौका? रुझानों में बड़ी बढ़त, कांग्रेस पिछड़ी
असम में कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गौरव गोगोई जोरहाट सीट से पिछड़ते चले जा रहे हैं. 9वें राउंड की काउंटिंग के बाद गौरव गोगोई लगभग 13 हजार वोटों से पीछे चल रहे हैं. जोरहाट से बीजेपी उम्मीदवार आगे चल रहे हैं.
असम और पश्चिम बंगाल में मिल रही बंपर जीत के बीच खबर आ रही है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज शाम बीजेपी हेडक्वार्टर जाएंगे. लगभग साढ़े छह बजे वह पहुंचेंगे. इस दौरान पीएम मोदी पार्टी के कार्यकर्ताओं की हौसला बढ़ाएंगे.
असम में बीजेपी लगाएगी जीत का चौका? रुझानों में बड़ी बढ़त, कांग्रेस पिछड़ी
असम विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने शुरुआती रुझानों में ही सियासी तस्वीर काफी हद तक साफ कर दी है। राज्य की 126 सीटों पर जारी मतगणना में सत्तारूढ़ बीजेपी के नेतृत्व वाला एनडीए गठबंधन मजबूत स्थिति में नजर आ रहा है। रुझानों के मुताबिक, बीजेपी बहुमत के आंकड़े को पार करती दिखाई दे रही है, जिससे राज्य में लगातार तीसरी बार उसकी सरकार बनने के संकेत मिल रहे हैं।
इस चुनाव में मुख्य मुकाबला मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma के नेतृत्व वाले एनडीए और कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी गठबंधन के बीच रहा। बीजेपी ने Asom Gana Parishad (AGP) और United People’s Party Liberal (UPPL) के साथ मिलकर चुनाव लड़ा, जबकि कांग्रेस ने All India United Democratic Front समेत कई दलों के साथ तालमेल किया था।
रुझानों में बीजेपी की मजबूत बढ़त
मतगणना के शुरुआती घंटों से ही बीजेपी गठबंधन ने बढ़त बना ली थी। कई चरणों के रुझानों में बीजेपी 80 से अधिक सीटों पर आगे चलती दिखी, जबकि कांग्रेस 20–25 सीटों के आसपास सिमटी नजर आई। कुछ समय बाद यह बढ़त और बढ़कर लगभग 90 से अधिक सीटों तक पहुंचती दिखाई दी। यह स्पष्ट संकेत है कि राज्य में मतदाताओं ने एक बार फिर बीजेपी के पक्ष में भरोसा जताया है।
जालुकबारी सीट से मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा भी बड़ी बढ़त के साथ आगे चल रहे हैं, जिससे उनके दोबारा मुख्यमंत्री बनने की संभावना और मजबूत हो गई है। अगर अंतिम नतीजे भी इसी रुझान के अनुरूप रहते हैं, तो यह बीजेपी के लिए “जीत का चौका” साबित होगा।
कांग्रेस की कमजोर स्थिति
दूसरी ओर, कांग्रेस के लिए यह चुनाव निराशाजनक साबित होता दिख रहा है। पार्टी राज्य में प्रभावी प्रदर्शन करने में असफल रही है। असम कांग्रेस अध्यक्ष Gaurav Gogoi खुद जोरहाट सीट से पीछे चल रहे हैं, जो पार्टी के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
कांग्रेस के सहयोगी दल भी खास असर नहीं छोड़ पाए हैं। एआईयूडीएफ जैसी पार्टियां भी सीमित सीटों पर ही बढ़त बनाती दिख रही हैं, जिससे विपक्षी गठबंधन की कमजोरी उजागर हो रही है।
चुनाव आयोग पर सवाल
मतगणना में पिछड़ने के बीच कांग्रेस ने चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं। गौरव गोगोई ने आरोप लगाया कि मतदान के बाद कुछ जगहों पर बिना इस्तेमाल हुई ईवीएम मशीनें बिना पर्याप्त सुरक्षा के रखी गई थीं। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी हर चरण की निगरानी कर रही है और किसी भी गड़बड़ी की सूचना तुरंत दर्ज की जा रही है।
हालांकि, इन आरोपों पर अभी तक चुनाव आयोग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। आमतौर पर आयोग ऐसी शिकायतों की जांच के बाद ही स्पष्ट रुख अपनाता है।
एग्जिट पोल भी हो रहे सही साबित
चुनाव से पहले आए अधिकांश एग्जिट पोल में बीजेपी की वापसी का अनुमान लगाया गया था। अब शुरुआती रुझान उन अनुमानों को सही साबित करते दिख रहे हैं। बीजेपी ने चुनाव प्रचार के दौरान विकास, बुनियादी ढांचे और कानून-व्यवस्था को प्रमुख मुद्दा बनाया था, जिसका उसे फायदा मिलता नजर आ रहा है।
पूर्वोत्तर की राजनीति में बड़ा संदेश
असम न केवल पूर्वोत्तर का सबसे बड़ा राज्य है, बल्कि राजनीतिक रूप से भी बेहद अहम माना जाता है। यहां का जनादेश पूरे क्षेत्र की राजनीति को प्रभावित करता है। बीजेपी की संभावित जीत से पूर्वोत्तर में उसकी पकड़ और मजबूत होगी, जबकि कांग्रेस के लिए यह आत्ममंथन का समय हो सकता है
अभी मतगणना जारी है और अंतिम नतीजे आने में कुछ समय बाकी है। हालांकि रुझानों के आधार पर तस्वीर काफी हद तक साफ हो चुकी है। अगर यही रुझान नतीजों में बदलते हैं, तो असम में बीजेपी लगातार तीसरी बार सरकार बनाकर इतिहास रच सकती है।
कुल मिलाकर, असम विधानसभा चुनाव 2026 के रुझान बीजेपी के लिए बड़ी जीत और कांग्रेस के लिए बड़ी चुनौती का संकेत दे रहे हैं। अब नजर अंतिम नतीजों पर टिकी है, जो राज्य की राजनीति की दिशा तय करेंगे।
असम विधानसभा चुनाव की मतगणना के बीच शुरुआती रुझानों में भारतीय जनता पार्टी बढ़त की ओर बढ़ती नजर आ रही है. इसी बीच राज्य के मंत्री पीयूष हजारिका ने भरोसा जताया है कि भाजपा दोबारा सरकार बनाने जा रही है. मोरीगांव के एक मतगणना केंद्र पर मीडिया से बातचीत करते हुए पीयूष हजारिका ने कहा कि शुरुआती रुझान साफ दिखा रहे हैं कि जनता ने भाजपा की 'डबल इंजन सरकार' के विकास कार्यों पर भरोसा जताया है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा के नेतृत्व में राज्य सरकार ने लगातार जनता के लिए काम किया है, जिसका नतीजा अब चुनावी रुझानों में दिख रहा है.
प्रखर न्यूज़ व्यूज एक्सप्रेस