पटवारी की घिनौनी हरकत से मचा बवाल: नाबालिग का वीडियो बनाने पर ग्रामीणों ने की पिटाई, POCSO केस दर्ज

मामले के फैलते ही आरोपी पटवारी ने मोबाइल से वीडियो को डिलीट कर दिया लेकिन वीडियो को पुलिस ने मोबाइल से रिकवर कर लिया। लिहाजा आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया है। घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश है और पुलिस हर पहलु की जांच में जुटी है।

पटवारी की घिनौनी हरकत से मचा बवाल: नाबालिग का वीडियो बनाने पर ग्रामीणों ने की पिटाई, POCSO केस दर्ज

खिलचीपुर पटवारी महेश साहू की पिटाई की गई है। पटवारी ने अपने घर पर किराए में रह रही छात्रा का नहाते हुए वीडियो बना लिया था, जिसका खुलासा होते ही ग्रामीणों ने पटवारी को पीट दिया।

मध्यप्रदेश। राजगढ़ जिले के खिलचीपुर पटवारी महेश साहू की हरकत से हर कोई शर्मनाक है। पटवारी ने उस समय एक नाबालिग छात्रा का वीडियो बनाया जब वह बाथरूम में नहा रही थी। जब इस हरकत का खुलासा हुआ तो ग्रामीणों ने पटवारी की जमकर पिटाई की। आरोपी पटवारी के फोन से नाबालिग छात्रा के वीडियो मिलने की पुष्टि हुई है। बताया जा रहा है कि, छात्रा पढ़ाई के लिए आरोपी के मकान में किराए से रहती थी।

पोक्सो एक्ट में मामला दर्ज

ग्रामीणों द्वारा आरोपी पटवारी को इस कदर पीटा गया कि, उसके कपड़े तक फट गए। मामला शनिवार का है। पुलिस को सूचना दी गई तो मौके पर पहुंची टीम ने बीच-बचाव किया। आरोपी पटवारी के खिलाफ पोक्सो एक्ट में मामला दर्ज किया गया है।

घर पर अकेला था आरोपी

पुलिस ने बताया कि, 50 वर्षीय आरोपी महेश साहू के घर में आसपास की छात्राएं किराए से घर लेकर रहती हैं। आरोपी की पत्नी अपने रिश्तेदारों के यहां राजस्थान गई हुई थी इसी कारण वो घर पर अकेला था। 

एक नहीं कई वीडियो किए रिकॉर्ड

आरोपी पटवारी ने अपने फोन को बाथरूम के गेट पर बनी जाली पर रखा और फिर वीडियो रिकॉर्ड किया। उसके फोन से छात्राओं के एक नहीं बल्कि दो से तीन वीडियो मिले हैं। जिस छात्रा का वीडियो आरोपी ने बनाया वो 11 वीं कक्षा में पढ़ती है।

रिसाइकल बिन में मिले वीडियो

छात्रा ने आरोपी पटवारी को वीडियो बनाते हुए संदिग्ध हालत में देख लिया था। परीक्षा के कारण उसने उस समय कुछ नहीं कहा लेकिन बाद में अपने साथ पढ़ने वाली अन्य छात्राओं को सारी बात बताई। शाम को सभी छात्राओं ने घर लौटकर अपने परिजनों को मामले की जानकारी दी। रात 9 से 10 के बीच छात्राओं के परिजन आरोपी पटवारी के घर पहुंचे। लोगों ने पहले बात की फिर आरोपी का फोन चेक किया। ग्रामीणों के अनुसार फोन की रिसाइकल बिन में कुछ वीडियो मिले।

तनावपूर्ण थे हालात

हालात इतने तनावपूर्ण थे कि, पुलिस को पहले पैदल और फिर बाइक से आरोपी को थाने ले जाना पड़ा। पुलिस आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया है लेकिन छात्राओं के परिजन देर रात तक थाने में डेरा डालकर बैठे थे। मामले में आगे की जांच जारी है।

पॉक्सो एक्ट के तहत क्या सजा मिलती है ?

18 साल से कम उम्र के बच्चों के साथ यौन अपराध के लिए पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया जाता है। इसके तहत आरोपी को 3 साल से लेकर उम्रकैद तक की सजा सुवाई जाती है। वहीं अगर मामला गंभीर है तो 20 साल की जेल, भारी भरकम जुर्माना, उम्रकैद या फिर मृत्युदंड की भी सजा हो सकती है।